Saturday, August 19, 2006

विदेश मंत्रालय की हिंदी साइट

कल अनुनाद के जरिये एक समाचार पढ़ा, जिसमें विदेश मंत्रालय द्वारा अपनी साइट का हिंदी संस्करण प्रस्तुत करने और हिंदी को संयुक्त राष्ट्र की भाषा बनाए जाने के प्रयासों की चर्चा है.

साइट देखी. कुछ बातें:

1) साइट यूनिकोड में नहीं है. एनआइसी वाले (जो आम तौर पर सरकारी साइटें बनाते हैं) किस दुनिया में रहते हैं पता नहीं.
2) अधिकतर पन्ने पीडीएफ़ में हैं. एक और मुसीबत. आम जनता के लिए मुश्किलें बढ़ाते जाओ.
3) कुल मिलाकर साइट सुगम्यता के नज़रिये से घटिया दर्जे की है.
4) मुझे जो एक बड़े काम की चीज़ लगी वह है इसका संसदीय प्रश्नोत्तर अनुभाग. यह अनुभाग सामान्य HTML में ही है.

हिंदी के बारे में प्रश्नोत्तरों पर नज़र डाली तो पाया कि एक सांसद श्री दलपत सिंह परस्ते हिंदी संबंधी प्रश्न पूछ रहे हैं. मैंने इससे पहले इनका नाम भी नहीं सुना. खोज की तो पता चला शहदोल, मध्य प्रदेश से भाजपा के सांसद हैं. इनका एक प्रश्न (प्र. सं. 2885) यूएन में हिंदी की मान्यता के बारे में ही है. एक प्रश्न (3940) कुँवर मानवेन्द्र सिंह का पूछा हुआ है.

इन प्रश्नोत्तरों से वर्तमान स्थिति तो अवगत होती ही है, यह भी पता चलता है कि किस सांसद की रुचि किस विषय में है.

क्यों न इन्हें कोई वेब और यूनिकोड के बारे में बताए!

3 comments:

Hindi Blogger said...

चलो भाई, जब जागे तभी सवेरा. चलो कुछ तो किया. अभी 10 जुलाई को ही तो मैंने विदेश मंत्रालय की वेबसाइट पर हिंदी की हास्यास्पद स्थिति को लेकर विदेश मंत्रालय ने हिंदी को भुलाया शीर्षक से एक लेख लिखा था. आधा-अधूरा ही सही, इतनी जल्दी परिवर्तन देखने को मिलेगा, सपने में भी नहीं सोचा था.

संयुक्त राष्ट्र में हिंदी को मान्यता दिलाने का दम भरने वाली सरकार हिंदी को लेकर कितनी गंभीर होगी, जब उसके विभागों में ही हिंदी को लेकर कोई गंभीरता नहीं है?

Raag said...

भारत सरकार के जालस्थल शर्मनाक हालत तक बेकार हैं। इस संबंध में मैंने भी शिकायत की थी। यहाँ देखें।
http://general-mishranurag.blogspot.com/2006/07/indian-government-website-grievances.html
शर्म आती है भारत में हिन्दी की एसी दशा देख कर।

vishnu said...

बढ़िया है
आपकी बात सटीक है। शब्‍दों को लेकर हमारी साकांक्षता कैसी है, रही है- से ही हमारा शब्‍द संसार बीघा दर बीघा बढ़ता है
क्या आप ए सब हिंदी मे लिखने के लिए quillpad.in/hindi उपयोग किया